देहरादून।
दून पुलिस ने राजपुर क्षेत्र में बुजुर्ग महिला से हुई लूट की सनसनीखेज घटना का सफल एवं पूर्ण अनावरण करते हुए बड़ी कामयाबी हासिल की है। लूटकांड का मास्टरमाइंड पूर्व ड्राइवर है। जिसने अपने रिश्तेदारों के साथ मिलकर लूट की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से घटना में लूटा गया सभी सामान बरामद कर लिया है।
18 जनवरी 2026 की तड़के प्रातः थाना राजपुर को कंट्रोल रूम के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि राजपुर रोड, सांकिया हॉस्पिटल के समीप स्थित भुवन गांधी के आवास पर अज्ञात व्यक्तियों ने उनकी बुजुर्ग माता को डराकर लूट की वारदात की है। प्रभारी निरीक्षक राजपुर पुलिस बल के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। उच्चाधिकारियों द्वारा भी घटनास्थल का निरीक्षण कर पीड़िता से घटना के संबंध में विस्तृत जानकारी ली गई।
पीड़िता बुजुर्ग महिला ने बताया कि वह अपने पुत्र भुवन गांधी के साथ उक्त आवास में रहती हैं। उनके पुत्र 16 जनवरी 2026 को अपने परिवार को दिल्ली छोड़ने गए हुए थे। 17 जनवरी 2026 की रात्रि में दो अज्ञात व्यक्ति उनके कमरे में घुस आए और उन्हें डरा-धमकाकर अलमारी में रखी कीमती ज्वैलरी, नगदी तथा मोबाइल फोन लूटकर फरार हो गए। पुलिस ने तहरीर पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
एसएसपी देहरादून अजय सिंह ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग पुलिस टीमें गठित की गईं। टीमों ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की गहन जांच की, संदिग्धों की पहचान हेतु तकनीकी साक्ष्य जुटाए तथा मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया। लगातार सुरागरसी-पतारसी के परिणामस्वरूप 21 जनवरी 2026 को मुखबिर की सूचना पर किरसाली चौक से मालदेवता रोड के बीच योगराज फार्म बैंड के पास चेकिंग के दौरान घटना में शामिल तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण
शफात अली पुत्र लाल मोहम्मद, निवासी ग्राम चौकी थाना सुबह, जिला बाराबंकी (उ.प्र.), उम्र 48 वर्ष, हाल किरायेदार मुफीद खान, काठ बंगला, थाना राजपुर, देहरादून
नदीम उर्फ गुड्डू पुत्र आशिक अली, निवासी मझगांव बाजार शुकुल, जिला अमेठी (उ.प्र.), उम्र 38 वर्ष
इश्तियाक उर्फ कुल्ले पुत्र मुनीर, निवासी ग्राम खलीज बाहरपुर, थाना बाजार शुक्ल, जिला अमेठी (उ.प्र.), उम्र 30 वर्ष, हाल किरायेदार वीर गब्बर सिंह बस्ती, कैनाल रोड, थाना राजपुर, देहरादून
पूछताछ में बड़ा खुलासा
मुख्य अभियुक्त शफात अली ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वह पूर्व में वादी के घर पर ड्राइवर का कार्य करता था, लेकिन कोरोना काल में उसे नौकरी से हटा दिया गया था। इसके बावजूद वादी की बुजुर्ग माता कभी-कभार गुरुद्वारे जाने के लिए उसे बुला लेती थीं। इसी दौरान उसे यह जानकारी मिल गई कि घर में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं और बुजुर्ग महिला कई बार घर में अकेली रहती हैं।
16 जनवरी 2026 को अभियुक्त ने वादी के नौकर से फोन पर बातचीत कर स्थिति की पुष्टि की। इसके बाद 17 जनवरी की रात उसने अपने साले नदीम और रिश्तेदार इश्तियाक के साथ मिलकर लूट की योजना बनाई। तीनों अभियुक्त वैगन आर कार से घर के पास पहुंचे, कार को सुनसान स्थान पर खड़ा कर अंधेरे का फायदा उठाते हुए दीवार फांदकर घर के परिसर में दाखिल हुए। खुली खिड़की से घर में प्रवेश कर बुजुर्ग महिला को डराया-धमकाया और लाखों की ज्वैलरी व नगदी लूट ली।
बरामदगी का विवरण
लूटी गई ज्वैलरी (अनुमानित कीमत लगभग 08 लाख रुपये)
नगदी 01 लाख 54 हजार रुपये
पीड़िता का आईफोन, घटना में प्रयुक्त वैगन आर कार
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
निरीक्षक प्रदीप सिंह रावत, प्रभारी निरीक्षक, थाना राजपुर, वरिष्ठ उपनिरीक्षक विनोद कुमार, थाना राजपुर, उपनिरीक्षक अर्जुन गुसाईं, चौकी प्रभारी आईटी पार्क, उपनिरीक्षक अशोक कुमार, चौकी प्रभारी कुठाल गेट
हेड कांस्टेबल जितेन्द्र कुमार, कांस्टेबल विजय, कांस्टेबल दीपप्रकाश
कांस्टेबल नरेन्द्र रावत, कांस्टेबल रविन्द्र टम्टा, कांस्टेबल अंकुल
एसओजी टीम
निरीक्षक मुकेश त्यागी, प्रभारी एसओजी, उपनिरीक्षक संदीप लोहान
कांस्टेबल ललित, कांस्टेबल पंकज, कांस्टेबल आशीष, कांस्टेबल अमित
घर का भेदी लूट कांड का मास्टरमाइंड, तीनों आरोपी गिरफ्तार











