बनभूलपुरा क्षेत्र में SOG और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई, नवंबर से अब तक 55 तस्करों पर शिकंजा
नैनीताल।
जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे व्यापक अभियान के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ मंजूनाथ टीसी के निर्देशन में बनभूलपुरा क्षेत्र में पुलिस और स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप की संयुक्त टीम ने लगभग 36 लाख रुपये कीमत की 121 ग्राम स्मैक के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई राज्य सरकार के ‘ड्रग फ्री देवभूमि मिशन’ को धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
22 फरवरी 2026 को हल्द्वानी के पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार कत्याल और क्षेत्राधिकारी अमित कुमार के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक दिनेश सिंह फर्त्याल के नेतृत्व में बनभूलपुरा क्षेत्र में गौला बाईपास रोड पर चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान एक संदिग्ध युवक को रोककर तलाशी ली गई, जिसमें उसके कब्जे से 121 ग्राम स्मैक बरामद हुई। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान मोहम्मद उमेर (24 वर्ष), निवासी अजीज गली, थाना बहेड़ी, जिला बरेली (वर्तमान निवासी टांडा, शेखपुरा) के रूप में हुई है।
पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ कोतवाली बनभूलपुरा में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी से स्मैक के स्रोत और उसके नेटवर्क के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की संभावना जताई जा रही है, जिसके आधार पर पुलिस अन्य तस्करों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
पुलिस टीम में उ0नि0 मनोज यादव (कोतवाली बनभूलपुरा), कानि० दिलशाद अहमद (कोतवाली बनभूलपुरा), कानि० भूपेन्द्र जेष्ठा, कानि० संतोष बिष्ट शामिल रहे।
नैनीताल पुलिस का नशे पर प्रहार
एसएसपी डॉ मंजूनाथ टी०सी० के नेतृत्व में जिले में नशे के खिलाफ अभियान लगातार प्रभावी रूप से जारी है। नवंबर 2025 से अब तक पुलिस ने 55 तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 44 मुकदमे दर्ज किए हैं। इस दौरान पुलिस ने 7.96 किलोग्राम चरस, 768.32 ग्राम स्मैक, 83 किलोग्राम गांजा, 180 नशीली गोलियां, 24 कैप्सूल और 993 नशीले इंजेक्शन बरामद किए हैं, जो पुलिस की सक्रियता और सख्त रुख को दर्शाता है। इसके अलावा अन्य क्षेत्रों में भी पुलिस को सफलता मिली है। रामनगर में एक तस्कर को 9.84 किलोग्राम अवैध गांजे के साथ गिरफ्तार किया गया, जबकि लालकुआं में दो आरोपियों को 7.68 ग्राम स्मैक के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। एसएसपी डॉ० मंजूनाथ टी०सी० ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जिले में नशे के कारोबार को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं दिया जाएगा और इस अवैध धंधे में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस का लक्ष्य जिले को पूरी तरह नशामुक्त बनाना है। इस सफल कार्रवाई के लिए पुलिस टीम को 2000 रुपये के पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा भी की गई है।






