न्यूज 127. हरिद्वार।
सड़क दुर्घटना में युवक की मौत के बाद पुलिस कर्मियों से अभद्रता और राजकीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले आरोपियों पर कार्रवाई शुरू हो गई है। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन पर आरोप है कि सड़क दुर्घटना होने पर राजकीय सम्पत्ति को नुकसान पहुंचाया तथा जाम लगाकर यातायात को प्रभावित किया था। इस घटना में श्यामपुर पुलिस ने 50-60 उपद्रवियों पर अभियोग पंजीकृत किया था।
जानकारी के मुताबिक पुलिस कार्मिकों के साथ अभद्र व्यवहार, राजकीय संपत्ति को नुकसान पहुँचाने तथा यातायात एवं कानून-व्यवस्था बाधित करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध हरिद्वार पुलिस द्वारा सख्त कार्रवाई की जा रही है। दिनांक 01.04.2026 को चौकी चण्डीघाट क्षेत्र में हुई एक सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मृत्यु के उपरांत आक्रोशित स्थानीय लोगों एवं मृतक के परिजनों द्वारा सड़क जाम कर यातायात बाधित किया गया। इस दौरान कुछ व्यक्तियों द्वारा पुलिस कार्मिकों के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए चौकी में तोड़फोड़ कर राजकीय संपत्ति को नुकसान पहुँचाया गया, जिससे आमजन को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा।
घटना के संबंध में चौकी प्रभारी उ0नि0 नवीन चौहान द्वारा 02.04.2026 को कोतवाली श्यामपुर में मु0अ0सं0 39/26, सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 तथा 7 क्रिमिनल लॉ अमेंडमेंट एक्ट के तहत 10 नामजद एवं 50-60 अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में थाना प्रभारी श्यामपुर द्वारा आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु विभिन्न टीमें गठित की गईं। विवेचक उ0नि0 सन्तोष सेमवाल प्रभारी चौकी चण्डीघाट द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए 05 आरोपियों को हिरासत में लिया गया। हिरासत में लिए गए आरोपियों के विरुद्ध अग्रिम विधिक करवाई अमल में लिए जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम सुबोध पुत्र बेचनराम, निवासी खत्ताबस्ती चण्डीघाट,सन्दीप पुत्र स्व0 किशन, निवासी ग्राम कांगड़ी श्यामपुर, सोनू उर्फ टुंडा पुत्र सन्तोष शर्मा, निवासी दीनदयाल पार्किंग, रोड़ीबेलवाला, गोविन्द शाह पुत्र गणेश शाह उर्फ चित्रा, निवासी भीमगौड़ा खड़खड़ी, हाल निवासी गाजीवाली श्यामपुर, रामबाबू उर्फ भूरा पुत्र जोगेन्द्र, निवासी दीनदयाल पार्किंग, रोड़ीबेलवाला है। पुलिस टीम में थानाध्यक्ष नितेश शर्मा, उ0नि0 सन्तोष सेमवाल, प्रभारी चौकी चण्डीघाट, का0 अनिल रावत, का0 राजवीर सिंह शामिल रहे।
पुलिस से अभद्रता और राजकीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों पर कार्रवाई




