देहरादून।
कुम्भ मेला-2027 की व्यापक तैयारियों को गति देते हुए मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में सचिवालय में आयोजित व्यय वित्त समिति की बैठक में हरिद्वार में महत्वपूर्ण सेतु निर्माण परियोजनाओं को वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि कुम्भ से जुड़े सभी कार्य तय समयसीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किए जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को सुगम एवं सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।
मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने खड़खड़ी श्मशान घाट जाने वाले मार्ग पर सूखी नदी पर स्थित कॉजवे के स्थान पर डबल लेन सेतु निर्माण हेतु 13.22 करोड़ तथा मायापुर स्क्रैप चैनल पर दक्षद्वीप एवं बैरागी कैम्प को जोड़ने वाले पूर्व निर्मित सेतु के डाउनस्ट्रीम में 60 मीटर स्पान स्टील गर्डर डबल लेन सेतु निर्माण हेतु 12.46 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गई। मुख्य सचिव ने कहा कि कुम्भ जैसे विशाल आयोजन में यातायात प्रबंधन और संरचनात्मक मजबूती अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए।
इसके अतिरिक्त राज्य के अन्य महत्वपूर्ण विकास प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई। जनपद चम्पावत में रोडवेज स्टेशन परिसर में 64.94 करोड़ की लागत से आधुनिक मल्टी स्टोरी पार्किंग एवं शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के निर्माण को स्वीकृति देते हुए इसका नाम “सिटी सेंटर चम्पावत” रखने के निर्देश दिए गए। वहीं, टिहरी गढ़वाल के माल रोड पर फसाड कार्य, रेलिंग्स, पाथवे, स्ट्रीट लाइट एवं शौचालय निर्माण हेतु 11.25 करोड़ की संस्तुति प्रदान की गई।
शिक्षा क्षेत्र में शैक्षिक सत्र 2025-26 हेतु कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों को निःशुल्क नोटबुक उपलब्ध कराने के लिए 52.84 करोड़ स्वीकृत किए गए। इसके अतिरिक्त विभिन्न मोटर मार्गों के पुनर्निर्माण एवं सुधार कार्यों के लिए भी करोड़ों रुपये की वित्तीय मंजूरी दी गई।
मुख्य सचिव ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि प्रत्येक परियोजना की स्पष्ट समयसीमा तय कर पारदर्शिता एवं जवाबदेही के साथ क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। बैठक में सचिव नितेश झा, डॉ. पंकज कुमार पाण्डे, डॉ. आर. राजेश कुमार, वी. षणमुगम, विशेष सचिव अजय मिश्रा, मेलाधिकारी सोनिका सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।







