न्यूज 127, देहरादून।
उत्तराखण्ड राज्य में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के सामाजिक, शैक्षणिक और प्रशासनिक सशक्तिकरण की दिशा में राज्य सरकार ने एक अहम कदम उठाया है। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य के दोनों मंडलों में उत्तराखण्ड अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण बहुउद्देशीय भवन/सामुदायिक भवन के निर्माण को सैद्धांतिक सहमति प्रदान कर दी है।
मंगलवार को सचिवालय में आयोजित उत्तराखण्ड अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के कार्यों की समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन भवनों के निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाए। उन्होंने कहा कि यह भवन ओबीसी वर्ग के लिए सामाजिक एवं प्रशासनिक गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र बनेंगे।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रस्तावित बहुउद्देशीय भवनों में बैंकट हॉल, गेस्ट हाउस, सभागार, प्रशिक्षण कक्ष, बैठक कक्ष सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं का समावेश किया जाए, ताकि विभिन्न सामाजिक, शैक्षिक, प्रशिक्षण एवं सरकारी कार्यक्रमों का सुचारु संचालन किया जा सके। उन्होंने भवनों की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करने के भी निर्देश दिए।
बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि ओबीसी बाहुल्य क्षेत्रों में राज्य सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जाए। पात्र लाभार्थियों को योजनाओं से जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाने पर बल देते हुए उन्होंने विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए नियमित समीक्षा की जाए और लाभार्थियों से प्राप्त फीडबैक के आधार पर आवश्यक सुधार सुनिश्चित किए जाएं, ताकि योजनाओं का वास्तविक लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।
उन्होंने दोहराया कि राज्य सरकार समाज के सभी वर्गों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और ओबीसी वर्ग के उत्थान हेतु शिक्षा, कौशल विकास, स्वरोजगार एवं सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है।
बैठक में उत्तराखण्ड अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष संजय नेगी, प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, सचिव श्रीधर बाबू अदांकी, अपर सचिव नवनीत पांडे, अपर सचिव संदीप तिवारी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
उत्तराखण्ड के दोनों मंडलों में बनेंगे ओबीसी कल्याण के बहुउद्देशीय भवन







