नवीन चौहान, हरिद्वार। रोडवेज बस अड्डा स्थानानंतरण को लेकर सियासत तेज हो गई है। कांग्रेसियों ने व्यापारियों के समर्थन में खड़े होकर भाजपा को घेरने की तैयारी कर ली है। कांग्रेसियों ने हरिद्वार के व्यापारियों को एकजुट कर केबिनेट मंत्री मदन कौशिक व मेयर मनोज गर्ग को घेरने की रणनीति बनाई है। इसी के चलते कांग्रेसी नेता व पूर्व सभासद अशोक शर्मा ने शहर में पम्पलेट बांटे और होटल में बैठक का आयोजन किया है। इस बैठक में भाजपा को चित करने के लिए रणनीति बनाई जाएगी। व्यपारियों व विपक्ष के नेताओं के लामबद्ध हो जाने से भाजपा को इसका नुकसान निकाय चुनाव में उठाना पड़ सकता है।
व्यापारियों के साथ शहर की जनता को इकट्ठा करने के उद्देश्य से कांग्रेस के पूर्व सभासद अशोक शर्मा ने शहर में पम्पलेट बांटकर बस अड्डे के स्थानानंतरण के विरोध में सभी से एकजुट होने की अपील की है।
श्री शर्मा का कहना है कि शहर से करीब दस किलोमीटर दूर बस अड्डा जाने से यहां प्रतिदिन आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को शहर के व्यापारियों के साथ इसका खामियाजा उठाना पड़ेगा। बस अड्डा स्थांतरित होने से यात्री तो लुटेगा ही साथ ही हजारों लोगों की रोजी-रोटी पर संकट के बादल मंडराएगा। कहा कि बस अड्डे के स्थांतरित होने से मायापुर, बस स्टैण्ड व आसपास के व्यापारी भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे। अशोक शर्मा ने बस अड्डा स्थांतरित किए जाने के लिए शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक को जिम्मेदार ठहराया। व्यापारियों व शहर की जनता को साथ लेकर आगे की रणनीति के लिए श्री शर्मा ने शाम को एक बैठक बुलाई है। जिसमें बस अड्डे के स्थांतरित किए जाने के विरोध में रणनीति बनाई जाएगी। विदित हो कि बस अड्डे को स्थांतरित करने की प्रक्रिया को पूरी तरह से अमलीजामा पहनाया जा चुका है। यदि बस अड्डा स्थांतरित होता है तो इसका खामियाजा निश्चित रूप से निगम चुनाव में भाजपा को उठाना पड़ सकता है। वहीं विधानसभा चुनावों में जनता से वोट पाना मदन कौशिक के लिए भी मुश्किल हो जाएगा। कुल मिलाकर यदि बस अड्डा स्थांतरित होता है तो हरिद्वार में यह भाजपा का भविष्य तय करने में महती भूमिका निभाएगा।
भाजपा के खिलाफ रणनीति बनाने में क्यों जुटे व्यापारी व कांग्रेसी, जानिए पूरी खबर


