उत्तराखंड को विश्व पटल पर आयुष प्रदेश के रूप में करेंगे विकसित: मदन कौशिक








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News 127. हरिद्वार।
उत्तराखंड सरकार ने कैबिनेट का विस्तार करते हुए हरिद्वार नगर विधायक मदन कौशिक को मंत्रीमंडल में शामिल किया है। उन्हें आपदा, पंचायत, जनगणना आदि के साथ आयुष और आयुष शिक्षा विभाग भी मिला है। प्रदेश में आयुष के क्षेत्र में अपार संभावनाएं है। ऐसे में कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक का कहना है कि उत्तराखंड को आयुष प्रदेश के रूप में केवल देश में ही नहीं बल्कि विश्व के मानचित्र पर पहचान दिलाना उनकी प्राथमिकता है।
कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक ने बताया कि उत्तराखंड में आयषु के ​क्षेत्र में उपलब्धि हासिल करने के लिए अपार संभावनाएं है। देश के अन्य प्रदेशों से अधिक प्रजाति की वनस्पति यहां हैं। एक ही प्रदेश में कई प्रकार का प्राकृतिक वातावरण यहां मिलता है। ऐसे में यहां इस प्राकृतिक वातावरण को कैसे सुगमता के साथ देश विदेश के लोगों को उपलब्ध कराए जाए इस पर तेजी से कार्य किया जाएगा। उत्तराखंड की समृद्ध जैव विविधता और हिमालयी जड़ी-बूटियों का उपयोग करके इसे आयुर्वेद, योग और प्राकृतिक चिकित्सा के वैश्विक केंद्र के रूप में स्थापित करना सरकार की प्राथमिकता है, इसे समन्वय के साथ प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाया जाएगा। हम चाहते हैं केरल प्रदेश से भी अधिक सुविधा के साथ प्राकृतिक चिकित्सा का वातावरण यहां विकसित हो।

आयुर्वेद हब के रूप में प्रदेश को करेंगे विकसित
कैबिनेट मंत्री ने आयुर्वेद को लेकर कहा कि सरकार की मंशा है कि प्रदेश को आयुर्वेद के क्षेत्र में आगे ले जाया जाए, इसी मंशा को पूरा करने के लिए उनका पूरा फोकस प्रदेश में आयुर्वेद का हब​ विकसित करने पर भी है। वर्तमान में आयुर्वेद कॉलेजों की जो भी समस्या है उनका उचित माध्यम से समाधान कराया जाएगा, शिक्षा में गुणवत्ता लाने के लिए उचित संसाधनों को उपलब्ध कराया जाएगा। आयुर्वेद कॉलेजों के कर्मचारियों को समय से वेतन मिले, सुविधाएं मिले, उनकी समस्याओं का समाधान हो इस पर जल्द ही विभागीय बैठक बुलाकर उचित कदम उठाए जाएंगे।

गांवों के विकास के लिए योजनाओं का दिलाएंगे लाभ
कैबिनेट मंत्री पंचायत विभाग की जिम्मेदारी मिलने के सवाल पर कहा कि शहर में विकास के लिए इंफ्रा स्ट्रक्चर है, लेकिन गांवों में इसकी कमी रहती है। उनका प्रयास होगा कि केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कराना। गांवों का विकास होगा तो देश का विकास होगा। इसके साथ ही पहाड़ के गांवों को भी पंचायत के क्षेत्र में और अधिक मजबूत किया जाएगा।

आपदा रहित चारधाम यात्रा का प्रयास
आपदा प्रबंधन को लेकर कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक ने कहा कि जल्द ही वह विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे। उत्तराखंड आपदा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील प्रदेश है। यहां प्राकृतिक रूप से आपदा को लेकर अनिश्चितता बनी रहती है। उनका प्रयास होगा कि चारधाम यात्रा के दौरान आपदा प्रबंधन को और अधिक मजबूत करना, ताकि जनहानि को न्यून किया जा सके। संसाधनों को बढ़ाया जाएगा, जहां तकनीक के इस्तेमाल की जरूरत होगी वहां अत्याधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। राहत बचाव को प्राथमिकता दी जाएगी, आपदा से नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजा वितरण में देरी नहीं होने दी जाएगी। पूर्व में यदि कहीं पीड़ित को मुआवजा नहीं मिला है तो वह इस संबंध में विभागीय बैठक में जानकारी कर दिशा निर्देश जारी करेंगे।

प्रदेश में लागू है योग नीति
उत्तराखंड में देश की पहली योग नीति लागू है। जिसके तहत योग और ध्यान केंद्रों की स्थापना के लिए वित्तीय सहायता और अनुसंधान के लिए अनुदान दिया जा रहा है। राज्य ने आयुर्वेद और वैकल्पिक चिकित्सा को बढ़ावा देने के लिए आयुष नीति 2023 तैयार की है। उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय में आयुष शिक्षा और अनुसंधान का कार्य होता है। प्रदेश के अस्पतालों में आयुर्वेद विंग भी स्थापित है। उत्तराखंड में अतीविषा, कुठ, जटामांसी जैसी दुर्लभ औषधीय पौधों की विरासत है।