न्यूज 127, हरिद्वार।
डॉक्टर पर जानलेवा हमला करते हुए उसकी गाड़ी पर फायरिंग करने वाले मास्टर माइंड सत्संगी बाबा मंगत दास उर्फ सागर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसके पास से हत्या के प्रयास में प्रयुक्त पिस्तौल बरामद कर ली है। पुलिस के मुताबिक 14 अप्रैल को किया था पहला हमला, दाबकी कला में दोबारा की थी डॉक्टर की गाड़ी पर फायरिंग। डॉक्टर सुमित के साले से थी रंजिश, बहन का रिश्ता टूटने से गुस्से में खोया था होश।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार द्वारा जनपद में अपराध नियंत्रण हेतु दिए गए सख्त निर्देशों के क्रम में कोतवाली लक्सर पुलिस ने प्रभावी कार्रवाई करते हुए कार सवार डॉक्टर और उसके साथियों पर फायरिंग मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी को गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की। आज दिनाक 05-05-26 को मुख्य साजिश कर्ता सत्संगी बाबा मंगत दास उर्फ़ सागर को पुलिस टीम द्वारा सटीक मुखबिरी के चलते गिरफ्तार किया।
दिनांक 27-04-2026 को डा0 सुमित कुमार निवासी दाबकी कलां, लक्सर हरिद्वार द्वारा प्रार्थना पत्र देकर अवगत कराया था कि 27-04-26 को मैं दिन के समय अपनी कार में अपने साले सुमित, भंवर पाल आदि को लेकर हंस फाउंडेशन हॉस्पिटल बहादराबाद से भिक्क्म्पुर को लौट रहा था। बाडीटीप के पास मोटर साइकिल सवार दो अज्ञात व्यक्तियों ने हमारे ऊपर फायरिंग कर दी।
इससे पहले भी 14-04-26 को शाम को दाबकी गाँव के पास मोटरसाइकिल गुजरते हुए फायरिंग की सी आवाज़ हुई थी। अब देखने पर उस तरफ भी फायरिंग के छेद दिख रहे हैं। गाडी का टायर पंक्चर खुलवाकर देखा तो उसके अन्दर भी बुलेट मिली है। प्राप्त तहरीर के आधार पर कोतवाली लक्सर पर मुकदमा अपराध संख्या- 383 /26, धारा 109 BNS बनाम अज्ञात पंजीकृत किया गया। प्रकरण में शामिल एक आरोपी को जेल भेजने के बाद पुलिस ने दिनांक 05-05-26 को मुख्य साजिश कर्ता सत्संगी बाबा मंगत दास उर्फ़ सागर को आज पुलिस टीम द्वारा सटीक मुखबिरी के चलते गिरफ्तार किया गया। आरोपी के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल हथियार भी बरामद किया गया।
पूछताछ में सत्संगी बाबा मंगत दास उर्फ़ सागर ने बताया कि वह और लक्सर स्थित सुखपाल एन्क्लेव आश्रम में रह रहे शुभम सैनी की बाबा से काफी घनिष्ठता हो गयी। दिनांक- 27.04.2026 को जो ग्राम बाडीटीप के पास डॉ0 सुमित कुमार की गाडी पर फायरिंग हुई वह फायरिंग मैंने इसी पिस्टल से की थी मैंने सुमित को मारने के लिए इसी पिस्टल से 04 फायर किये थे। उस दिन मैं, शुभम सैनी के साथ उसकी मोटरसाइकिल से गए थे। डॉक्टर सुमित कुमार से मेरा कोई झगड़ा नहीं है, डॉक्टर सुमित के साले जिसका नाम भी सुमित ही है का रिश्ता मेरी बहिन से हुआ था लेकिन सुमित ने शादी करने से मना कर दिया था। उसी समय से मैं सुमित को मारना चाहता था तब मैंने सुमित को मारने का प्लान बनाया और अपने भक्त शुभम सैनी को उसके पीछे लगा दिया था।




