हरिद्वार के बाजार में खुलेआम जहर का कारोबार, जल्द मौत से सरोकार








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न्यूज127.
हरिद्वार जिला प्रशासन की आंखों के सामने खुलेआम बाजार में जहर बेचे जाने का कारोबार हो रहा है। इस जहर के स्वाद का आनंद प्रशासन तक खुद ले रहा है। लेकिन जहर बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की जहमत नहीं उठा पा रहा है। जिसके चलते हर कोई मौत की तरफ बड़ी तेजी के साथ कदम बढ़ा रहा है। जी हां आपको जहर बेचने की बात कुछ अजीब जरूर लग रही होगी। लेकिन यह बात सोलह आने सच है। हरिद्वार की दुकानों पर बिकने वाली तमाम जरूरी खाद्य सामग्री में मिलावट है। देशी घी, सरसों का तेल, रिफाइंड और पनीर ही नकली नहीं है। अपितु इसको मिलाकर बनाने वाली तमाम मिठाईयों में भी बड़ी मिलावट है। जिसको खाने के बाद आपकी किडनी, लीवर, हार्ट के अलावा शरीर के सभी अंग भी पूरी तरह से जख्मी हो जाते है। जिनको ठीक कराने के लिए अस्पताल जाना पड़ता है। यहां उनके ठीक होने की संभावना बहुत कम होती है।
बातें बहुत अजीबो—गरीब है। लेकिन कुछ इस तरह से समझना पड़ेगा। मानों हम कोई नई गाड़ी खरीदते है। वह गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो जाती है तो मैकेनिक के पास से दोबारा ओरिजनल पार्ट मिलना बहुत मुश्किल होता है। हमको जुगाड़ करना पड़ता है। ठीक वैसे ही जब गाड़ी का इंजन खराब हो जाता है तो इंजन रिपेयर कराने के बाद गाड़ी की क्षमता पहले जैसी नहीं रहती। बस ऐसे ही इंसान के जीवन के अंगों की स्थिति है। भगवान ने मानव शरीर दिया। इंसान के सभी अंगों को बिलकुल स्वस्थ आपके हवाले किया। लेकिन हमने अपने मुंह से जहर निगलकर अपने शरीर के सभी अंगों को खराब कर लिया। नकली मिलावटी सामान खाने के बाद किडनी, लीवर और हार्ट जैसे उपयोगी अंगों को पूरी तरह से जख्मी कर लिया। तबीयत खराब होने के बाद अस्पताल में मंहगे इलाज के लिए पहुंचे। चिकित्सकों ने आपको दवाईयां दी और आपका पूरा जीवन दवाईयों पर ही निर्भर कर दिया। अब आपके शरीर में पहले जैसी ऊर्जा नही रहती। आप आलस्य महसूस करते है। शरीर का यही आलस्य मौत के आगोश की तरह इंसान को ले जा रहा है। अब जरूरत आपको जागने की है।