न्यूज 127, हरिद्वार।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को पतंजलि वेलनेस योगग्राम (औरंगाबाद, हरिद्वार) में प्रथम ‘पतंजलि आयुर्वेद गुरुकुलम्’ के उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने योगगुरु स्वामी रामदेव, आचार्य बालकृष्ण तथा पतंजलि परिवार को बधाई देते हुए कहा कि देवभूमि में गुरुकुलम् का शुभारंभ भारत की गौरवशाली ज्ञान परंपरा को आधुनिक युग से जोड़ने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी गुरुकुल परंपरा हजारों वर्षों से ज्ञान, संस्कार, अनुशासन और चरित्र निर्माण का आधार रही है। ‘सा विद्या या विमुक्तये’ का भाव ही हमारी शिक्षा का मूल आधार है। पतंजलि आयुर्वेद गुरुकुलम् में आधुनिक विज्ञान और तकनीक के साथ योग, आयुर्वेद और भारतीय संस्कृति का समन्वय विद्यार्थियों को अपनी जड़ों से जोड़ने के साथ-साथ भविष्य की चुनौतियों के लिए भी तैयार करेगा। स्वामी रामदेव और आचार्य बालकृष्ण के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि योग और आयुर्वेद को विश्व पटल पर स्थापित करने में उनका अमूल्य योगदान है।
उत्तराखंड में शिक्षा, विज्ञान और रोजगार को बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत राज्य सरकार भारतीय ज्ञान परंपरा और नवाचार को बढ़ावा दे रही है। इसी क्रम में दून विश्वविद्यालय में ‘हिंदू अध्ययन केंद्र’ स्थापित किया गया है, वहीं देहरादून में देश की 5वीं ‘साइंस सिटी’ विकसित की जा रही है। युवाओं के भविष्य का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया गया है और पिछले 5 वर्षों में करीब 35 हजार युवाओं को पारदर्शी प्रक्रिया के तहत सरकारी नौकरियां दी गई हैं।
समारोह में गणमान्य लोगों की गरिमामयी उपस्थिति
उद्घाटन समारोह में आचार्य बालकृष्ण, कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक, विधायक आदेश चौहान, विधायक ई. रवि बहादुर, पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानन्द, पूर्व मेयर मनोज गर्ग, जिलाध्यक्ष भाजपा आशुतोष शर्मा, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर सहित कई साधु-संत, प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।


