न्यूज 127, अल्मोड़ा।
किसानों की आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र को नई दिशा देने के लिए अल्मोड़ा में योजनाओं के क्रियान्वयन को अब लक्ष्य आधारित बनाया जाएगा। सोमवार को विकास भवन सभागार में प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना की समीक्षा करते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार की संयुक्त सचिव राधिका झा ने अधिकारियों को विभागीय समन्वय के साथ ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्थानीय परिस्थितियों और जरूरतों के अनुरूप रणनीति तैयार कर अल्मोड़ा को कृषि के मॉडल जनपद के रूप में विकसित करने की दिशा में काम किया जाए।
बैठक में जिलाधिकारी अंशुल सिंह और मुख्य विकास अधिकारी रामजीशरण शर्मा ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्य एवं सहकारिता विभागों की प्रगति, उपलब्धियों और योजनाओं के क्रियान्वयन में सामने आ रही चुनौतियों की जानकारी दी।
‘कागजों पर नहीं, जमीन पर दिखे योजनाओं का असर’
संयुक्त सचिव राधिका झा ने कहा कि केंद्र सरकार का मुख्य उद्देश्य किसानों की आय में वृद्धि के साथ खाद्य सुरक्षा को मजबूत करना है। इसके लिए केवल योजनाएं बनाना पर्याप्त नहीं, बल्कि उनका प्रभावी क्रियान्वयन और नियमित निगरानी भी जरूरी है।
उन्होंने अधिकारियों को जनपद और क्षेत्रवार माइक्रो प्लान तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि स्थानीय जरूरतों के अनुसार योजनाओं का लाभ वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचाया जा सके। उन्होंने विभागों को नियमित मॉनिटरिंग के साथ परिणामोन्मुख कार्यशैली अपनाने पर विशेष जोर दिया।
टास्क फोर्स करेगी विभागों के बीच बेहतर तालमेल
प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के प्रभावी संचालन के लिए संयुक्त सचिव ने जनपद स्तर पर टास्क फोर्स गठित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि टास्क फोर्स कृषि से जुड़े विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करेगी और निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति की नियमित समीक्षा करेगी। बैठक में अपर जिलाधिकारी युक्ता मिश्र, परियोजना निदेशक के.एन. तिवारी सहित कृषि एवं संबद्ध विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।








