न्यूज 127, रुद्रपुर/काशीपुर।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों और पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ के मार्गदर्शन में उत्तराखंड एसटीएफ ने साइबर अपराधियों के खिलाफ एक और बड़ी सफलता हासिल की है। एसटीएफ की साइबर क्राइम कुमाऊं परिक्षेत्र यूनिट ने दूरसंचार विभाग के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए ऊधमसिंहनगर जिले के काशीपुर क्षेत्र में एनएस इंटरप्राइेजज के नाम से अवैध रूप से संचालित एक संदिग्ध कॉल सेंटर और डिजिटल एक्सचेंज का पर्दाफाश किया है। मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
21 दिन में की गई थीं 45 हजार से अधिक कॉल्स:
एसटीएफ अधिकारियों के अनुसार, क्षेत्र में अवैध टेलीकॉम नेटवर्क और तकनीकी संसाधनों के जरिए गैरकानूनी गतिविधियां संचालित होने का इनपुट मिला था। जांच में सामने आया कि काशीपुर स्थित इस संदिग्ध सेटअप से एसआईपी कनेक्शन के माध्यम से आईएलडी गेटवे बाईपास करते हुए महज 21 दिनों के भीतर 45,453 आउटगोइंग कॉल्स की गई थीं। तकनीकी निरीक्षण के दौरान मौके से लिनक्स आधारित वर्चुअल मशीन, फ्री पीबीएक्स लॉगिन, रिमोट एक्सेस सॉफ्टवेयर, और व्हाट्सएप चैट से जुड़े महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मिले हैं, जिनमें एसआईपी ट्रंक और इंटरनेट कनेक्शन से जुड़ी बातचीत शामिल है।
इस तरह चल रहा था अवैध कारोबार:
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी नईमुद्दीन पुत्र जाहिद हुसैन (निवासी डिलारी, मुरादाबाद, उत्तर प्रदेश) ने काशीपुर में कार्यालय किराए पर लेकर ‘एनएस इंटरप्राइजेज फर्म बनाई थी। इसके आड़ में जियो और एयरटेल की कनेक्टिविटी व नेटवर्किंग डिवाइस के जरिए अवैध टेलीकॉम सेटअप चलाया जा रहा था। आरोपी सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑटोमेटेड/रोबो कॉलिंग और आईएलडी गेटवे बाईपास जैसी गतिविधियों को अंजाम दे रहा था, जिसका इस्तेमाल धोखाधड़ी या अवैध प्रचार के लिए किए जाने की आशंका है।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन कुमाऊं (रुद्रपुर) में बीएनएस की धाराओं के साथ-साथ आईटी अधिनियम और दूरसंचार अधिनियम, 2023 की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस और एसटीएफ की टीमें इस नेटवर्क से जुड़े अन्य सहयोगियों की तलाश में जुटी हैं और बरामद उपकरणों के तकनीकी विश्लेषण के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही हैं।
पकड़े के गए आरोपी का नाम नईमुद्दीन पुत्र जाहिद हुसैन, निवासी मनकुआ मकसूदपुर, थाना डिलारी, जनपद मुरादाबाद, उत्तर प्रदेश है। मौके से 01 कंप्यूटर, 03 जियो राउटर, 01 एयरटेल राउटर, 01 SETU VTEP उपकरण, पेन ड्राइव, मोबाईल फोन एवं अन्य नेटवर्किंग उपकरण, कंप्यूटर सिस्टम एवं वर्चुअल मशीन बरामद की गई है।
एसटीएफ और साइबर टीम में निरीक्षक अरुण कुमार, उपनिरीक्षक अशोक कांडपाल, उपनिरीक्षक प्रकाश भगत, अपर उपनिरीक्षक सत्येन्द्र गंगोला, अपर उपनिरीक्षक विनोद कुमार बिष्ट, हेड कांस्टेबल मनोज कुमार, कांस्टेबल मुहम्मद उस्मान, दूरसंचार विभाग की टीम में राहुल नरेडी, एडीजी सिक्योरिटी एंड टेक्नोलॉजी, मीनू कुमारी जेटीओ सिक्योरिटी एंड टैक्नोलॉजी मौजूद रही।


