न्यूज 127, हरिद्वार।
डीएवी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल, हरिद्वार में सोमवार को नवगठित विद्यार्थी परिषद के गठन हेतु अलंकरण समारोह अत्यंत गरिमामय एवं उल्लासपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। यह समारोह विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, उत्तरदायित्व, अनुशासन एवं सेवा-भाव के विकास की दिशा में विद्यालय की एक महत्वपूर्ण एवं प्रेरणादायी पहल है।

कार्यक्रम का शुभारंभ भारतीय संस्कृति एवं वैदिक परंपराओं के अनुरूप गायत्री मंत्र के सामूहिक उच्चारण के साथ हुआ। कार्यक्रम के प्रारंभ में विद्यालय के विद्यार्थियों ने मधुर स्वागत-गीत प्रस्तुत कर सभी उपस्थितजन का आत्मीय अभिनंदन किया। उनकी भावपूर्ण प्रस्तुति ने समारोह को सौहार्द, ऊर्जा एवं उत्साह से भर दिया।

अलंकरण समारोह केवल पद एवं सम्मान प्रदान करने का अवसर नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में नेतृत्व, निर्णय क्षमता, उत्तरदायित्व, सहयोग तथा संगठनात्मक कौशल विकसित करने का सशक्त माध्यम है। इसी उद्देश्य से विद्यालय में प्रत्येक वर्ष की भाँति इस वर्ष भी विद्यार्थी परिषद का गठन किया गया।

विद्यालय के प्रधानाचार्य मनोज कुमार कपिल ने नवनिर्वाचित छात्र-प्रतिनिधियों को बैज प्रदान कर उनके दायित्वों का औपचारिक अलंकरण किया। उन्होनें अपने संबोधन में कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी को ज्ञान, सदाचार, अनुशासन एवं उत्कृष्टता के पथ पर अग्रसर होकर समाज और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य का निर्माण करना चाहिए। इस अवसर पर अथर्व शर्मा को छात्र प्रमुख (Head Boy) तथा रमनीत कौर बग्गा को छात्रा प्रमुख (Head Girl) नियुक्त किया गया। सांईयांश आनन्द को उप छात्र प्रमुख (Vice Head Boy) तथा राधिका पुरोहित को उप छात्रा प्रमुख (Vice Head Girl) का दायित्व सौंपा गया।

विद्यालय के चारों सदनों के कप्तानों की घोषणा भी की गई। गंगा सदन का नेतृत्व युवराज सिंह एवं संस्कृति पंवार, कृष्णा सदन का नेतृत्व क्षितिज एवं अनन्या मोदी, नर्मदा सदन का नेतृत्व प्रांजल सैनी एवं ओजस्विनी वालिया तथा सतलुज सदन का नेतृत्व मानव शर्मा एवं श्रीजा बैनर्जी को सौंपा गया। वरेण्या बलूनी और स्योना चंदवानी को अकादमिक इंचार्ज बनाया गया। कार्तिकेय सिंह सैनी, समृद्धि जेटली, जाह्नवी और अंशिका गोयल को खेल इंचार्ज बनाया गया। इसी क्रम में विद्यार्थी मुख्य संपादक, अनुशासन, साहित्य, कला एवं सांस्कृतिक इंचार्ज भी बनाए गए।
अलंकरण के उपरांत नवगठित छात्र परिषद ने मुख्य अतिथि को प्रभावशाली सलामी देकर अपने दायित्वों के
प्रति समर्पण का परिचय दिया। तत्पश्चात प्रधानाचार्य मनोज कुमार कपिल ने सभी पदाधिकारियों को निष्ठा, अनुशासन एवं निष्पक्षता के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने की शपथ दिलाई।

अपने प्रेरणादायी संबोधन में प्रधानाचार्य ने कहा कि ‘नेतृत्व अधिकार का नहीं, बल्कि उत्तरदायित्व का प्रतीक है। पद सम्मान अवश्य देता है, किंतु उससे कहीं अधिक कर्तव्य और अनुशासन की अपेक्षा करता है।’ उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि एक सच्चा छात्र-नेता वही है, जो अपने आचरण, विनम्रता, सेवा-भाव एवं कार्यशैली से दूसरों के लिए प्रेरणा बने। उन्होंने चयनित विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि वे पूरे शैक्षणिक सत्र में विद्यालय की गरिमा, अनुशासन एवं उत्कृष्ट परंपराओं को बनाए रखते हुए अपने दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन करेंगे।

कार्यक्रम के समापन पर कार्यक्रम समन्वयक रश्मि बलूनी ने प्रधानाचार्य मनोज कुमार कपिल के दूरदर्शी मार्गदर्शन एवं सतत प्रेरणा के लिए हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने पर्यवेक्षिकाओं कुसुम बाला त्यागी एवं सुश्री हेमलता पाण्डेय द्वारा समय-समय पर प्रदान किए गए अमूल्य सुझावों तथा आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी शिक्षकों एवं सदस्यों के प्रति भी धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का प्रभावशाली एवं सुव्यवस्थित संचालन सोनिया त्यागी ने किया। इस अवसर पर सीनियर विंग के सभी विभागाध्यक्ष, शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं विद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
अलंकरण समारोह केवल नए पदाधिकारियों के चयन का अवसर नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में नेतृत्व, सेवा, अनुशासन और उत्तरदायित्व की भावना को सुदृढ़ करने का एक प्रेरक कार्यक्रम सिद्ध हुआ। यह आयोजन विद्यालय की उस समृद्ध परंपरा का प्रतीक है, जो विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता ही नहीं, बल्कि सशक्त व्यक्तित्व एवं आदर्श नागरिक बनने की दिशा में भी निरंतर प्रेरित करती है।




