महर्षि दयानंद सरस्वती के जन्मोत्सव के 200 वर्ष पूरे होने पर गुजरात के टंकारा में तीन दिवसीय भव्य जन्मोत्सव-स्मरणोत्सव




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योगेश शर्मा
आर्य समाज के प्ररेणा और 19वीं सदी के नवजागरण के पुरोधा महान समाज सुधारक, अद्भुत विद्वान, तेजस्वी व्यक्तित्व के धनी महापुरुष स्वामी दयानंद सरस्वती जी के जन्मोत्सव के 200 वर्ष पूर्ण होने पर डीएवी प्रबंधकृत समिति नई दिल्ली के तत्वाधान में गुजरात के टंकारा में तीन दिवसीय भव्य जन्मोत्सव और स्मरणोत्सव कार्यक्रम को ‘ ज्ञान ज्योति पर्व ‘के रूप में मनाया जा रहा है। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भारत की महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु होंगी। जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता आर्य समाज के प्रधान पद्मश्री पूनम सूरी जी कर रहे है।
कार्यक्रम में पुरुषोत्तम रूपाला जी (केंद्रीय मंत्री), गुजरात सरकार के राज्यपाल आचार्य देवव्रत जी, गुजरात के सम्मानीय मुख्यमंत्री भूपेंद्र भाई पटेल जी एवं विश्व योग गुरु आचार्य रामदेव जी भी सम्मिलित होंगे।

गुजरात के टंकारा में तीन दिवसीय भव्य जन्मोत्सव-स्मरणोत्सव


स्वामी दयानंद सरस्वती जी का जन्म १२ फरवरी टंकारा में सन् १८२४ में मोरबी (मुम्बई की मोरवी रियासत) के पास काठियावाड़ क्षेत्र (जिला राजकोट), गुजरात में हुआ था। इस वर्ष उनकी २००वीं जयंती उनकी जन्मभूमि टंकारा में ख़ूब धूम – धाम से मनाई जा रही हैं। 10 फरवरी से 12 फरवरी तक वहां ‘ ज्ञान ज्योति पर्व ‘ मनाया जा रहा है जिसमें देश और दुनिया के विभिन्न क्षेत्रों से लोग उनके स्मरणोत्सव में सम्मिलित हुए हैं।

उत्तराखंड के तमाम डीएवी स्कूल के प्रधानाचार्य और एआरओ श्री पीसी पुरोहित व तमाम शिक्षकगण


भारतीय संस्कृति में उनके इस अतुलनीय योगदान कोध्यान में रखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने फरवरी 2023 में साल भर चलने वाले समारोहों का उद्घाटन किया था। रविवार को प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने कार्यक्रम को वर्चुअली संबोधित किया। उन्होंने कहा कि ये उनका सौभाग्य है की वो भी उसी प्रदेश में जन्मे जहां पूजनीय दयानंद सरस्वती जी का जन्म हुआ। स्वामी दयानंद सरस्वती जी का दिखाया मार्ग अमृतकाल में करोड़ों लोगों में आशा का संचार कर रहा है। उनकी 200वीं जयंती से जुड़े कार्यक्रम का हिस्सा बनना मेरे लिए सौभाग्य की बात है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की युवा पीढ़ी को स्वामी दयानंद सरस्वती के बताए मार्ग का अनुसरण करने तथा उनके दिए ज्ञान को आत्मसात करने को कहा। उन्होंने डीएवी संस्था के अतुलनीय योगदान की सराहना की।

टंकारा में कार्यक्रम स्थल के बाहर ग्रुप फोटो

महर्षि दयानंद सरस्वती जी के इस स्मरणोत्सव कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए उत्तराखंड के सभी स्कूलों के प्रधानाचार्य गुजरात पहुंच चुके है। डीएवी डिफेंस कॉलोनी देहरादून की प्रधानाचार्या श्रीमती शालिनी समाधिया भी शिक्षकगणों के साथ कार्यक्रम में सम्मिलित हुई हैं। वही हरिद्वार डीएवी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल जगजीतपुर के प्रधानाचार्य मनोज कपिल जी भी अपने शिक्षकों की टीम के साथ कार्यक्रम में उपस्थित है। इस भव्य आयोजन में पहुंचने को लेकर सभी में जबरदस्त उत्साह का संचार हुआ है।



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